AMJA BHARAT एक वेब न्‍यूज चैनल है जिसे कम्‍प्‍यूटर, लैपटाप, इन्‍टरनेट टीवी, मोबाइल फोन, टैबलेट इत्‍यादी पर देखा जा सकता है। पर्यावरण सुरक्षा के लिये कागज़ बचायें, समाचार वेब मीडिया पर पढें

शनिवार, 20 मई 2017

निकाय चुनाव में देखने को मिल जायेगा भाजपा का असली चेहरा- तवरेज

फतेहपुर, शमशाद खान । प्रदेश सरकार द्वारा निकाय चुनाव की अवधि छः माह बढ़ये जाने से गैर राजनीतिक दलों के सम्भावित प्रत्याशियों के चेहरे खिल उठे है। समाज वादी पार्टी के वरिष्ठ नगर अध्यक्ष तबरेज वारसी ने कहा कि छः माह बाद कराये जाने वाले निकाय चुनाव में सपा का परचम जनपद में लहरायेगा। उन्होंने कहा कि इस छै माह के भीतर भाजपा का असली चेहरा आम जनता को देखने को मिल जायेगा ।
शहर के नगर पालिका परिषद अध्यक्ष पर के सम्भावित समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी  वरिष्ठ नगर उपाध्यक्ष  तवरेज वारसी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी जिस प्रकार झूठ बोलकर सत्ता में काबिज हुई है उसका असली चेहरा है माह बाद जनता को देखने को मिल जायेगा। उन्होने कहा कि भाजपा ने विधान सभा चुनाव में जनता से जो वादा किया था उसमें खरी नही उतरी है और आम जनमानस की मानसिकता धीरे-धीरे बदलने लगी है। उन्होने कहा कि सपा मुखिया एवं प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर चलाये जा रहे सदस्ता अभियान का पार्टी को निकाय चुनाव में पूरा फायदा मिलेगा। शहर में उनके द्वारा सदस्यता अभियान युद्ध स्तर पर चलाया जा रहा है तथा जो लक्ष्य उनको दिया गया है उसको वह हर कीमत में पूरा करके दिखायेगें उन्होने कहा कि सपा सरकार के कार्यकाल में बिजली और पानी की किल्लत नही थी किन्तु भाजपा सरकार में शहर में अनेक ऐसे मोहल्ले है जहाॅ पर पानी के संकट से लोग जूझ रहे है। शहर में चैबीस घण्टे बिजली दिये जाने की भाजपा सरकार की घोषणा पूरी तरह से झूठी साबित हो चुकी है और जनता भी इस बात को स्वीकार करने लगी है कि भाजपा सरकार की तुलना में सपा सरकार में बिजली और पानी की अच्छी व्यवस्था थी। उन्होने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार के इतने अल्प समय में ही जनता को निराशा देखने को मिलने लगी है आगे तो और बुरी हालात के परिणाम देखने के आसार नजर आने लगे है। उन्होने कहा कि चुनाव आयोग का साफ फरमान जारी हुआ है कि वह निर्धारित समय सीमा पर चुनाव करायेगी किन्तु सरकार के दो महीने के कार्यकाल में वादाखिलाफी के चलते इतना भय भर गया है कि वह लोक सभा अथवा विधान सभा चुनाव में जनता को गुमराह करके निकाय चुनाव में परचम लहराने के बजाय पराजय का सामना करना पड़ सकता है। इस लिये सरकार ने चुनाव कराये जाने की तिथि को बढ़ाये जाने की सोंच बना ली है।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Advertisement

Advertisement

लोकप्रिय पोस्ट