AMJA BHARAT एक वेब न्‍यूज चैनल है जिसे कम्‍प्‍यूटर, लैपटाप, इन्‍टरनेट टीवी, मोबाइल फोन, टैबलेट इत्‍यादी पर देखा जा सकता है। पर्यावरण सुरक्षा के लिये कागज़ बचायें, समाचार वेब मीडिया पर पढें

शनिवार, 21 जुलाई 2018

गैंगरेप की पीड़िता न्याय के लिए लगा रही सरकार के मंत्री व अधिकारियों से गुहार

फतेहपुर, शमशाद खान । प्रदेश की योगी सरकार भले ही महिलाओं की सुरक्षा के लिए बड़े-बड़े दावे कर रही हो लेकिन आये दिन बढ़ती दुष्कर्म की घटनायें पर अंकुश लगाने पर पुलिस पूरी तरह से नाकाम साबित हो रही है। ऐसा ही एक मामला उस वक्त प्रकाश मे आया जब गैंगरेप की पीड़िता ने प्रदेश सरकार के मंत्रियों और जिले के पुलिस अधिकारियों से गुहार लगाने के बाद भी न्याय न मिल पाने पर मीड़िया के सामने रो-रोकर अपना दर्द बयां किया। शनिवार को सदर कोतवाली क्षेत्र के राधानगर अन्दौली पुलिया की रहने वाली बबली (नाम काल्पनिक) ने बताया कि 24 जून को वह अपने पति के साथ हुसैनगंज से आ रही थी जिसमे दो और महिलायें बैठी थी और ड्राइवर चला रहा था तभी रास्ते मे दोनों महिलायें उतर गयी। विक्रम मे वह अपने पति के साथ थी तभी कोतवाली क्षेत्र के उधन्नापुर मोड़ के पास से दो व्यक्तियों ने विक्रम रोककर ड्राइवर से आपस मे बात करने लगे और रोड़ के किनारे विक्रम को खड़ी कर तीनांे लोग आपस मे बात की और फिर तीनों लोग विक्रम मे बैठ गये। ड्राइवर ने कहा कि यह मेरा छोटा भाई श्याम है और मेरा नाम विनीत है और तीसरा मेरा दोस्त है किसी तरह की कोई दिक्कत नही होगी और हम सभी लोग हुसैनगंज के पास रहने वाले हैं और तीनों लोग सवार होकर कच्चे रास्ते से चलने लगे तो पूंछा मेन रोड से क्यों नही चल रहे हैं। ड्राइवर ने बोला कि उनके पास लाइसेंस नही है इसलिए दूसरे रास्ते से लेकर शहर पहुंचा देगें। तभी सूनसान जंगल मे रोककर मेरे पति को पकड़ लिया और एक-एक कर उसके साथ जबरदस्ती करते हुए दुष्कर्म किया और मेरे पति को मारते पीटते रहे। किसी तरह से घटना के बाद वह लखनऊ बाईपास आयी और वहां से कोतवाली पहुंचे जहां से उसे बिना कुछ सुने भगा दिया गया जिसके बाद कई बार पुलिस अधीक्षक को भी प्रार्थना पत्र देकर कार्यवाही किये जाने की मांग के साथ दुष्कर्म करने वालों पर मुकदमा दर्ज कराये जाने की मांग की लेकिन कोई कार्यवाही न होने पर वह स्वतंत्र प्रभात राज्यमंत्री स्वाती सिंह से मिलने लखनऊ सचिवालय पहंुची जहां अपनी पीड़ा बयां करने के बाद मुकदमा दर्ज किये जाने के लिए आदेशित किया गया। इसके बाद सीओ कार्यालय मे उसका बयान भी दर्ज किया गया और मुकदमा दर्ज कराने के लिए कोतवाली भेजा गया जहां पर कई घंटों तक रोकने के बाद भी मुकदमा दर्ज नही किया गया। अब गैंगरेप की पीड़िता अपने पति के साथ आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए अधिकारियों की चैखट पर गुहार लगा रही है। अब देखना होगा कि महिलाओं की सुरक्षा की बात करने वाली प्रदेश सरकार इस पीड़िता को कब न्याय दिला पायेगी। 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Advertisement

Advertisement

लोकप्रिय पोस्ट