AMJA BHARAT एक वेब न्‍यूज चैनल है जिसे कम्‍प्‍यूटर, लैपटाप, इन्‍टरनेट टीवी, मोबाइल फोन, टैबलेट इत्‍यादी पर देखा जा सकता है। पर्यावरण सुरक्षा के लिये कागज़ बचायें, समाचार वेब मीडिया पर पढें

गुरुवार, 3 जनवरी 2019

फूलमण्डी से कैंट एरिया की सुरक्षा को खतरा

कानपुर नगर, हरिओम गुप्ता - शिवाला कैलाशमदिर प्रांगण में लगने वाली फूलमण्डी ठेकेदारो और वूसलीबाजों के बीच फंसकर अपना मूल स्थान खो चुकी है आज किसान अपने फूल बेंचने के लिए इधर-उधर भटक रहा है। शिवाला स्थित फूलमण्डी से किसानो को हटाया गया, कुछ दिन वह कैंट ऐरिया में क्रासिंग के पास फूल बेंचते रहे उसके बाद जब वहां से उन्हे खदेडा गया तो अब वह कैंट में ही गोल्फमैदान के सपीम मैस्कर घाट मोड पर फूल बेंच रहे है, या यह कहे कि यहां अवैध तरीके से फूलमण्डी लगने लगी है।
           कैंट ऐरिया में लगने वाली फूलमण्डी के साथ कैंट की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवालिया निशाल उठ खडा हुआ है। रोज सैकडो की संख्या में किसान अपने वाहनो, लोडरो से यहां सुबह तडके पहुंच जाता है। कैंट ऐरिया होने के कारण मुख्य मार्ग से दिनभर बडे वाहनो और सैन्य वाहनो का आवागमन होता है। फूलमण्डी के कारण असुरक्षा का माहौल बनता जा रहा है साथ ही फूलों के खरीदार भी रोजाना सैकडो की संख्या में पहुंचते है, जिससे यहां वाहनो की सडक पर कतारे लग जाती है। वहीं प्रसिद्ध घाट की ओर जाने वाले श्रृद्धालुओं को भी परेशानी उठानी पड रही है। किसानो व फुटकर फूल विक्रेताओं का भी कहना है कि यहां आने में उन्हे परेशानी होती है क्यों कि रास्ते में साधन नही मिलते, अधिकतर क्रासिंग बंद होती है और यह शहर से दूर पड जाता है। शिवाला प्रांगण में मण्डी लगती थी तो आसानी होती थी। वहीं किसानो का यह भी कहना है कि यदि उन्हे स्थाई ठिकाना मिल जाये तो भटकने की आवश्यता नही जिसके लिए शिवाला कैलाश मंदिर परिसर सही स्थान है। नौबस्ता मण्डी काफी दूर पडेगी और फुटकर खरीदार वहां रोजाना समय से नही पहुंच सकता है। 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Advertisement

Advertisement

लोकप्रिय पोस्ट